टिंडा (Apple Gourd)
भूमि: इसकी खेती कई प्रकार की भूमि में कर सकते हैं, लेकिन बलुई दोमट या दोमट मिट्टी अच्छी मानी जाती है | फसल की अधिक उपज और गुणवत्ता के लिए भूमि का पी.एच.मान 6.0-7.0 के बीच होना चाहिए | टिंडे की खेती नदी तटों की मिट्टी में भी की जा सकती है | अच्छी जलधारण क्षमता वाली जीवांशयुक्त हल्की दोमट भूमि इसकी खेती के लिए सर्वोत्तम मानी जाती है।
तापमान: इसके लिए 10-30 डिग्री सेंटीग्रेट तापमान अच्छा माना जाता है।
उचित समय: टिंडा की खेती साल में दो बार की जा सकती है। इसे फरवरी से मार्च और जून से जुलाई तक इसकी बुवाई कर सकते हैं।





